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Thursday, July 18, 2024
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वलसाड सीट पर अजब संयोग, यहां जीतने वाली पार्टी ही केंद्र में बनाती है सरकार | Gujarat valsad loksabha seat profile bjp congress


वलसाड सीट पर अजब संयोग, यहां जीतने वाली पार्टी ही केंद्र में बनाती है सरकार

वलसाड लोकसभा सीट

गुजरात की वलसाड लोकसभा सीट बेहद खास सीटों में शुमार है. यहां का सबसे अजीब संयोग ये है कि अब तक जिस पार्टी ने यह लोकसभा सीट जीती है, वही पार्टी केंद्र में सरकार बनाती रही है. इस जिले को कभी बुलसर के नाम से भी जाना जाता था. अब इसे वलसाड और बेलवेदर भी कहा जाता है. इस लोकसभा क्षेत्र में सात विधानसभा क्षेत्र आते हैं.

वलसाड लोकसभा सीट पर अपने ट्रेंड के मुताबिक भाजपा का कब्जा है, 2014 से यहां केसी पटेल सांसद हैं. इससे पहले दो लोकसभा चुनावों में यहां कांग्रेस उम्मीदवार को जीत मिली थी. उससे पहले एनडीए सरकार में यहां से भाजपा उम्मीदवार जीत हासिल करते रहे हैं. यह लोकसभा सीट एक पर्यटन स्थल के तौर पर भी विख्यात है.

वलसाड लोकसभा सीट की खासियत

वलसाड गुजरात के प्रमुख नगरों में शामिल है जो अरब सागर के किनारे स्थित हैं. यह गुजरात के प्रमुख पर्यटन स्थलों में भी शुमार है, यहां का मौसम काफी अच्छा रहता है. खास तौर से गर्मी यानी मई-जून के समय भी यहां पर्यटकों की संख्या अच्छी खासी रहती है. समुद्र का किनारा होने के चलते यहां के समुद्री बीच सबसे ज्यादा पसंद हैं. यदि धार्मिक तोर पर बात करें तो यहां साईं बाबा और स्वामी नारायण मंदिर भी हैं.

यह है राजनीतिक इतिहास

वलसाड लोकसभा सीट पर सबसे पहले 1957 में चुनाव हुए थे, उस चुनाव में यहां नानू भाई पटेल ने चुनाव जीता था. 1977 तक यहां कांग्रेस कब्जा रहा और तब तक देश में कांग्रेस पार्टी की सरकार रही. 1977 में भी नानू भाई ही इस सीट से चुनाव जीते थे, लेकिन इस बार उन्होंने जनता पार्टी से चुनाव लड़ा और देश में जनता पार्टी की सरकार बनी. 1980 में यहां फिर कांग्रेस ने वापसी की और 1989 तक इस सीट पर उत्तम भाई पटेल का कब्जा रहा, केंद्र में भी इस दौरान कांग्रेस की ही सरकार रही.

1991 में उत्तम भाई यहां फिर जीते. 1996 में पहली बार यहां से भाजपा उम्मीदवार ने जीत हासिल की थी. 1999 तक यहां मणिभाई चौधरी भाजपा के टिकट पर चुनाव जीते. संयोग देखिए कि इस बीच लगातार केंद्र में भी एनडीए की सरकार रही. 2004 में कांग्रेस के किशन भाई वेस्ताभाई पटेल ने कांग्रेस के टिकट पर चुनाव लड़ा और जीत हासिल की, 2009 में भी वही चुनाव जीते और केंद्र में भी कांग्रेस ने सरकार बनाई. 2014 से केंद्र में भाजपा काबिज है, और यहां भी भाजपा उम्मीदवार केसी पटेल ही चुनाव में जीत हासिल कर रहे हैं.

यह है राजनीतिक समीकरण

वलसाड सीट का राजनीतिक समीकरण भी बेहद खास है, यहां धरमपुर, वनसाड, डांग, पारदी, वलसाड, उमेरगांव और कपराडा विधानसभा सीट आती हैं, इनमें अकेले वलसाड सीट ही ऐसी है जिस पर पिछले विधानसभा चुनाव में कांग्रेस उम्मीदवार ने जीत हासिल की थी. बाकी सभी सीटों पर भाजपा का कब्जा है. वलसाड सीट एससी आरक्षित है. कुल मतदाताओं की बात करें तो यहां पिछले चुनाव में मतदाताओं की संख्या 15 लाख से ज्यादा थी, जिनमें 11 लाख से अधिक मतदाताओं ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया था.



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